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Aayin ghir ghir saawaan ki kaali kaali ghataayen

This article is written by Sudhir, a fellow enthusiast of Hindi movie music and a contributor to this blog.This article is meant to be posted in atulsongaday.me. 834 more words

Feelings Of Heart

आहा रिमझिम के ये प्यारे प्यारे गीत लिए - Aaha Rimjhim Ke Ye Pyare-pyare Geet Liye

फ़िल्मः उसने कहा था (1960)
गायक/गायिकाः तलत महमूद, लता मंगेशकर
संगीतकारः सलिल चौधरी
गीतकारः शैलेंद्र
कलाकारः सुनील दत्त, नंदा

आहा रिमझिम के ये प्यारे प्यारे गीत लिए
आई रात सुहानी देखो प्रीत लिए
मीत मेरे सुनो ज़रा हवा कहे क्या, आ …
सुनो तो ज़रा, झींगर बोले चीकीमीकी चीकीमीकी
रिमझिम के ये प्यारे प्यारे गीत लिए

(खोई सी भीगी भीगी रात झूमे
आँखों में सपनो की बारात झूमे ) – २
दिल की ये दुनिया आज बादलों के साथ झूमे
आहा रिमझिम के ये …

(आ जाओ दिल में बसा लूँ तुम्हें
नैनों का कजरा बना लूँ तुम्हें ) – २
जालिम ज़माने की निगाहों से छुपा लूँ तुम्हें
आहा रिमझिम के ये …

(हाथों में तेरे मेरा हाथ रहे
दिल से जो निकली है वो बात रहे ) – २
मेरा तुम्हारा सारी ज़िन्दगी का साथ रहे
आहा रिमझिम के ये …

Romantic Song

एक रात में दो-दो चाँद खिले - Ek Raat Men Do-Do Chand Khile

फ़िल्म – बरखा (1959)
गायक/गायिका – मुकेश, लता मंगेशकर
संगीतकार – सलिल चौधरी
गीतकार – राजेंद्र कृष्ण
अदाकार – नंदा

एक रात में दो-दो चाँद खिले
एक घूँघट में, एक बदली में
अपनी अपनी मंज़िल से मिले
एक घूँघट में, एक बदली में
एक रात में दो-दो चाँद खिले …

बदली का वो चाँद तो सबका है
घूँघट का वो चाँद तो अपना है
मुझे चाँद समझने वाले वता
ये सच है या सपना है
एक रात में दो-दो चाँद खिले …

मालूम नहीं दो अन्जाने
राही कैसे मिल जाते हैं
फूलों को अगर खिलना हो
वीराने में भी खिल जाते हैं
एक रात में दो-दो चाँद खिले ..

Romantic Song

टूटे हुए ख़्वाबों ने, हमको ये सिखाया है - Toote Hue Khwabon Ne

फ़िल्म – मधुमती (1958)
गायक/गायिका – मोहम्मद रफ़ी
संगीतकार – सलिल चौधरी
गीतकार – शैलेंद्र
अदाकार – दिलीप कुमार, वैजंतीमाला

टूटे हुए ख़्वाबों ने, हमको ये सिखाया है
दिल ने, दिल ने जिसे पाया था, आँखों ने गंवाया है
टूटे हुए ख़्वाबों ने

हम ढूँढते हैं उनको, जो मिलके नहीं मिलते
रुठे हैं न जाने क्यूँ, (मेहमान मेरे दिल के – 2)
क्या अपनी तमन्ना थी, क्या सामने आया है
दिल ने, दिल ने …
टूटे हुए …

लौट आई सदा मेरी, टकरा के सितारों से
उजड़ी हुई दुनिया के, (सुनसान किनारों से – 2)
पर अब ये तड़पना भी, कुछ काम न आया है
दिल ने, दिल ने …
टूटे हुए …

Solo Song

सुहाना सफ़र और ये मौसम हंसीं - Suhana Safar Aur Ye Mausam Hasin

फ़िल्म – मधुमती (1958)
गायक/गायिका – मुकेश
संगीतकार – सलिल चौधरी
गीतकार – शैलेंद्र
अदाकार – दिलीप कुमार, वैजंतीमाला

सुहाना सफ़र और ये मौसम हंसीं (2)
हमें डर है हम खो न जाएं कहीं
सुहाना सफ़र …

(ये कौन हँसता है फूलों में छूप कर
बहार बेचैन है किसकी धुन पर ) – (2)
कहीं गुमगुम, कहीं रुमझुम, के जैसे नाचे ज़मीं
सुहाना सफ़र …

(ये गोरी नदियों का चलना उछलकर
के जैसे अल्हड़ चले पी से मिलकर ) – (2)
प्यारे प्यारे ये नज़ारे निखरे हैं हर कहीं
सुहाना सफ़र …

हो हो हो …
(वो आसमाँ झुक रहा है ज़मीं पर
ये मिलन हमने देखा यहीं पर ) – (2)
मेरी दुनिया, मेरे सपने, मिलेंगे शायद यहीं
सुहाना सफ़र …

Solo Song

ज़ुल्मी संग आँख लड़ी रे - Julmi Sang Aankh Ladi Re

फ़िल्म – मधुमती (1958)
गायक/गायिका – लता मंगेशकर
संगीतकार – सलिल चौधरी
गीतकार – शैलेंद्र
अदाकार – दिलीप कुमार, वैजंतीमाला

ज़ुल्मी संग आँख लड़ी, ज़ुल्मी संग आँख लड़ी रे
सखी मैं का से कहूँ, री सखी का से कहूँ
जाने कैसे ये बात बढ़ी,
ज़ुल्मी संग आँख लड़ी रे …

वो छुप छुपके बन्सरी बजाये,
वो छुप छुपके बन्सरी बजाये रे
वो छुप छुपके बन्सरी बजाये,
सुनाये मुझे मस्ती में डूबा हुआ राग रे
मोहे तारों की छाँव में बुलाये,
चुराये मेरी निंदिया, मैं रह जाऊँ जाग रे,
लगे दिन छोटा, रात बड़ी,
ज़ुल्मी संग आँख लड़ी रे …

बातों बातों में रोग बढ़ा जाये,
बातों बातों में रोग बढ़ा जाये रे,
बातों बातों में रोग बढ़ा जाये,
हमारा जिया तड़पे किसीके लिये शाम से,
मेरा पागलपना तो कोई देखो,
पुकारूँ मैं चंदा को साजन के नाम से,
फिरी मन पे जादू की छड़ी,
ज़ुल्मी संग आँख लड़ी रे …

Solo Song

जंगल में मोर नाचा किसी ने न देखा - Jangal Men Mor Nacha

फ़िल्म – मधुमती (1958)
गायक/गायिका – मोहम्मद रफ़ी
संगीतकार – सलिल चौधरी
गीतकार – शैलेंद्र
अदाकार – दिलीप कुमार, वैजंतीमाला, जॉनी वाकर

जंगल में मोर नाचा किसी ने न देखा
हम जो थोड़ी सी पी के ज़रा झूमें हाय रे सबने देखा
जंगल में मोर नाचा …

गोरी की गोल-गोल अँखियाँ शराबी
कर चुकी हैं कैसे-कैसों की ख़राबी
इनका ये ज़ोर ज़ुल्म किसी ने ना देखा
हम जो थोड़ी सी …

किसी को हरे-हरे नोट का नशा है
किसी को सूट बूट कोट का नशा है
यारों हमें तो नौ टाँक का नशा है

हम जो थोड़ी सी …

Solo Song