Tags » Best Poems

10 of the Very Best Poems about Grief and Mourning

The finest poems about grief

Grief is a part of life, and we will all know what it is to mourn at some point in our lives. 757 more words

Literature

10 of the Best Poems about Darkness

The greatest dark poems

Poetry isn’t all sweetness and light, of course. In fact, much of it is concerned with the darker aspects of the natural world, whether it’s the mystery or solemnity of night-time darkness or some other, more abstract or metaphorical kind of darkness (‘O dark dark dark’, as… 723 more words

Literature

10 of the Best Poems of Farewell

The greatest goodbye poems

Poets are often at their most poignant when saying goodbye – to lovers, to lost loved ones, or to a part of their lives they have left behind. 734 more words

Literature

Father to son

I do not understand this child

Though we have lived together now

In the same house for years. I know

Nothing of him, so try to build… 137 more words

Unemployment // कविता :- बेरोजगारी

देश आज तरक्की पे है,
पर एक समस्या फिर भी भारी है
पढ़ लिख के डिग्रियां तो पाली,पर नौकरी कहा ?
यहाँ तो सिर्फ बेरोज़गारी है…

जहाँ देखो बस पैसा और शिफारिस की बीमारी है
और जिनके पास काबिलियत है  वो बैठा बेरोज़गारी है..

बड़े कहते थे पढ़ो लिखो यही भविष्य की तैयारी है
हमने भी कोई कसर न छोड़ी ,
पर फिर भी ये हाल क्या गलती हमारी है ?

सरकारी नौकरी की होड़ में देखो यहाँ कितनी मारा मरी है
और Private नौकरियों वालो की तोह यहाँ ज़िन्दगी भी उधारी है…

हां.. माना मेने युवा जनसँख्या औरो के मुकाबिल सबसे ज्यादा हमारी है.
पर ये सच भी हम झुठला  नहीं सकते,
की उनमे से कई ज्यादा बेरोज़गारी है…

ये सिर्फ “विकास” के दिल की बात नहीं,
हर युवाओ के जेहन में आरी है
अगर पैसा और शिफारिस नहीं ,
सिर्फ काबिलियत से चुनाव हो,
फिर ये न समस्या बेरोजगारी है
फिर ये न समस्या बेरोजगारी है..

जय हिन्द जय भारत                                            लेखक :- विकास कोरी