Tags » Female Foeticide

Were you not a girl, Mamma?

This is the first article/story I ever wrote which was published during my initial college days and hence it is very dear to me apart from various other reasons. 947 more words

It's How Life Is!

Eat mutton, sleep with face turned left. Kerala newspaper offers ‘scientific’ tips for conceiving boys

Mangalam, a newspaper published from Kerala – one of India’s most literate states – has offered its readers “scientifically proven” advice on how to conceive a boy. 304 more words

Girl Child

मैं ही कहानी

मैं उस पार की कहानी हुं.

हर गलत राह मुड़ कर देखी है,

हर गलत चाह कर के देखी है,

फ़िर सही गलत की परिभाषा भी,

Poetry

Why I stopped using the term 'female foeticide'

After reading Nivedita Menon two years back, I realised that I’ve been using the term ‘female foeticide’ – and it wasn’t ideal. I made the move to using the words ‘abortion of the female foetus’. 536 more words

Gender

बेटी बचाओ...

कन्या भ्रूण हत्या का विचार
मुझे झकझोर देता है,
चीर देता है अंदर तक
मेरी यह कृति, यह रचना –
कविता नहीं, क्रंदन है –
एक करुण क्रंदन !
उन अजन्मी आत्माओं के लिये –
जो कोख में ही उजड़ गईं
और पैदा हो भी गईं तो
माँ की गोद न मिली
फेंक दी गईं किसी कचरेदान में.
यह बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ का नारा
कितना खोखला है
यदि बेटी को बचा भी लिया
तो क्या गारंटी कि आगे भी बच पायेगी?
कोई बलात्कारी आ कर बलात्कार करेगा
या फिर दहेज की अग्नि जलायेगी
क्या पता कोई एसिड ही डाल दे?
या हार कर खुद ही भस्म हो जायेगी.

कन्या पूजन ( कविता )



नवरात्रि की अष्टमी तिथि ,
प्रौढ़ होते, धनवान दम्पति ,
अपनी दरिद्र काम वालियों
की पुत्रियों के चरण
अपने कर कमलों से
प्यार से प्रक्षालन कर रहे थे.

अचरज से कोई पूछ बैठा ,
यह क्या कर रहें हैं आप दोनों ?

अश्रुपूर्ण नत नयनों से कहा –
“काश, हमारी भी प्यारी संतान होती.”
सब कुछ है हमारे पास ,
बस एक यही कमी है ,

एक ठंडी आह के साथ कहा –
प्रायश्चित कर रहें है ,
आती हुई लक्ष्मी को
गर्भ से ही वापस लौटाने का.

Source: कन्या पूजन ( कविता )

Let Me Live

Dadda and Momma were so happy and ecstatic, so was I. I loved them both so much, just as I loved my brother, so fiercely. I loved Dadda’s tender voice and Momma’s soothing touch, it made me feel precious. 310 more words

Literature