तेरी खुशबू और तेरी सांसें क़तरा क़तरा सब भुलायेंगे
सिलवटें जो तुमने छोड़ी है धीरे-धीरे सब मिटायेंगे

काटने को इतनी लम्बी उम्र आगे है
जाने किसके पीछे तू बेवजह भागे है

आँख नम होती है होने दो होंठ लेकिन मुस्कुराएंगे
उसकी रातों से सुबह अपनी रफ्ता रफ्ता खींच लाएंगे

ऐसा कोई दिल नहीं जो कभी टूटा नहीं
कांच से उम्मीद क्या रखना

चल नयी शुरुआत कर  भूल के जो हो गया
हाथ पे यूँ हाथ क्या रखना

चित्रपट: मि.एक्स (2015)
संगीतकार: जीत गांगुली
गीतकार: रश्मि सिंह
गायक: अरिजीत सिंह, पलक मुछाल

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